सीवान में खूनी तांडव: BJP के पूर्व MLC के परिवार पर अंधाधुंध फायरिंग, भांजे की मौत, बहनोई की हालत नाजुक
सीवान: बिहार में बेखौफ अपराधियों ने एक बार फिर कानून-व्यवस्था को चुनौती देते हुए बड़ी वारदात को अंजाम दिया है. जिला मुख्यालय के करीब अपराधियों ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के कद्दावर नेता और पूर्व एमएलसी मनोज सिंह के परिजनों को निशाना बनाया है. इस दुस्साहसिक हमले में मनोज सिंह के भांजे की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके बहनोई जीवन और मौत के बीच जंग लड़ रहे हैं.
वारदात का पूरा घटनाक्रम
जानकारी के मुताबिक, अपराधी पूरी तैयारी के साथ आए थे. जैसे ही पूर्व MLC के रिश्तेदार उनकी जद में आए, हमलावरों ने अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी. गोलियों की तड़तड़ाहट से पूरा इलाका दहल उठा.
- मृतक: मनोज सिंह के भांजे (मौके पर ही दम तोड़ दिया).
- घायल: चंदन सिंह (मनोज सिंह के बहनोई), जिनकी स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई है.
- हमलावर: घटना को अंजाम देने के बाद अपराधी हथियार लहराते हुए फरार हो गए.
अस्पताल में अफरा-तफरी का माहौल
गंभीर रूप से घायल चंदन सिंह को आनन-फानन में नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए रेफर कर दिया है. परिजनों में कोहराम मचा हुआ है और अस्पताल परिसर में भारी संख्या में समर्थकों की भीड़ जुट गई है.
पुलिस की कार्रवाई और तनाव
बीजेपी के वरिष्ठ नेता के परिवार पर हुए इस हमले के बाद इलाके में भारी तनाव व्याप्त है. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंच चुके हैं.
”पुलिस मामले की छानबीन कर रही है. अपराधियों की धरपकड़ के लिए नाकेबंदी कर छापेमारी की जा रही है. जल्द ही हमलावर सलाखों के पीछे होंगे.” — स्थानीय पुलिस प्रशासन
सत्ता के गलियारों में हलचल
बिहार में एनडीए की सरकार होने के बावजूद बीजेपी के ही पूर्व MLC के रिश्तेदारों पर हुए इस हमले ने विपक्षी दलों को हमलावर होने का मौका दे दिया है. वहीं, स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर भारी आक्रोश है कि जब हाई-प्रोफाइल नेताओं के परिवार सुरक्षित नहीं हैं, तो आम जनता का क्या होगा?
अब देखना यह है कि सुशासन का दावा करने वाली पुलिस इन ‘हौसलाबुलंद’ अपराधियों तक कब तक पहुंच पाती है.






















