अररिया जिले के ताराबाड़ी थाना क्षेत्र अंतर्गत तेगछिया गांव से इंसानियत को झकझोर देने वाली खबर सामने आई है। तीन साल की मासूम शिवांशी उर्फ लाडो, जो पिछले 11 मई से लापता थी, उसका शव शुकवार सुबह उसके नाना के भूसा घर से बरामद किया गया। इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे इलाके में मातम और आक्रोश का माहौल है।

जानकारी के अनुसार, तरोना भोजपुर पंचायत वार्ड संख्या पांच निवासी सुशील सिंह की पुत्री शिवांशी अपनी नानी के साथ एक सप्ताह पहले ननिहाल तेगछिया आई थी। 11 मई की दोपहर वह घर के पास खेल रही थी, तभी अचानक गायब हो गई। परिजनों ने काफी खोजबीन की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। बाद में ताराबाड़ी थाना में मामला दर्ज कराया गया, जिसके बाद पुलिस बच्ची की तलाश में जुटी थी।
सुबह उस समय सनसनी फैल गई जब मासूम का शव उसके नाना मयानंद सिंह के भूसा घर में भूसे से ढका हुआ मिला। फूल सी बच्ची की इस हालत को देखकर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में हर आंख नम है और लोग यह सोचकर सहमे हुए हैं कि आखिर उस मासूम की क्या गलती थी। घटना की सूचना मिलते ही बिहार पुलिस की ताराबाड़ी थाना पुलिस और एफएसएल टीम मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गई। डॉग स्क्वायड टीम ने भी मौके पर पहुंचकर जांच की।
वही अररिया एसडीपीओ सुशील कुमार ने कहा कि मामले अनुसंधान चल रहा है। इस हृदयविदारक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। गांव में सन्नाटा पसरा है और हर जुबान पर सिर्फ एक ही सवाल है, आखिर तीन साल की मासूम लाडो का कसूर क्या था?

मामले पर अररिया एसडीपीओ सुशील कुमार ने कहा की घटना की हर एंगल से जांच की जा रही है बच्ची का पोस्टमार्टम कराया गया है जल्द ही पूरे मामले का उद्वेदन कर लिया गया जाएगा






















