अररिया (बिहार): अररिया पुलिस ने नरपतगंज थाना क्षेत्र के चकदाहा गांव में हुए सनसनीखेज हत्याकांड का सफल उद्भेदन कर लिया है। पुलिस ने इस मामले में मुख्य अभियुक्त और उसके सहयोगी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
क्या था मामला?
बीते 18 मार्च 2026 को नरपतगंज थाना क्षेत्र के चकदाहा गांव में NH 327 के किनारे एक अज्ञात शव बरामद हुआ था। जांच में पता चला था कि शव को ट्रैक्टर से लाकर वहां फेंका गया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय पुलिस, FSL टीम और तकनीकी शाखा ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य संकलित किए थे।
मृतक की हुई पहचान
शुरुआत में शव की पहचान नहीं हो पाई थी, जिसे प्रक्रिया के तहत सदर अस्पताल अररिया में रखा गया था। वैज्ञानिक साक्ष्यों और परिजनों के सहयोग से अब मृतक की पहचान रामजनम (29 वर्ष), पिता- स्वर्गीय घरभरन प्रसाद, निवासी- कुशमौल, थाना- बेलीपार, जिला- गोरखपुर (उत्तर प्रदेश) के रूप में हुई है।
पुलिस की कार्रवाई और गिरफ्तारी
महल चौकीदार के आवेदन पर नरपतगंज थाना में कांड संख्या 137/26 दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया था। पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है:
- आलोक यादव उर्फ जगत यादव (मुख्य अभियुक्त) – निवासी: जंगल अखलायकुँवर, थाना: बेलीपार, गोरखपुर।
- प्रिंस यादव (सहयोगी) – निवासी: भिउटी, थाना: खजनी, जिला: गोरखपुर।
छापेमारी टीम में शामिल सदस्य
इस सफल उद्भेदन में नरपतगंज थानाध्यक्ष संजय कुमार के नेतृत्व में पु० अ० नि० धनजी कुमार, राजू कुमार, सोमेश्वर प्रसाद, नागेन्द्र कुमार और सशस्त्र बल के जवानों की अहम भूमिका रही।






















